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झारखंड की सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसरअर्पिता सरकार गिरफ्तार,आतंकी मॉड्यूल से जुड़ाव का आरोप

रिपोर्ट – निशांत कुमार सानू,

कोटालपोखर/पाकुड़: मोटरसाइकिल राइड और ट्रैवल रील्स के लिए मशहूर झारखंड की 22 वर्षीय सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर अर्पिता सरकार को पश्चिम बंगाल स्पेशल टास्क फोर्स (STF) ने शनिवार को गिरफ्तार किया। STF का आरोप है कि अर्पिता का नाम पाकिस्तान से जुड़े एक कथित आतंकी मॉड्यूल की जांच में सामने आया है।

अधिकारियों के अनुसार, अर्पिता ने अपने कथित बॉयफ्रेंड मोहम्मद हमीम मंडल की गतिविधियों में सहयोग किया, जिस पर जैश से जुड़े संदिग्ध ऑपरेटिव होने का आरोप है। अर्पिता सरकार साहिबगंज जिले के बरहरवा की रहने वाली है और उसे वहीं से गिरफ्तार किया गया। उसकी गिरफ्तारी, हमीम मंडल की गिरफ्तारी के एक दिन बाद हुई, जिसे पश्चिम बंगाल के बर्दवान से पकड़ा गया था।

STF का दावा है कि अर्पिता इस नेटवर्क की सक्रिय सदस्य थी और उसे सीधे पाकिस्तान में बैठे कथित हैंडलर्स से निर्देश मिल रहे थे। गिरफ्तारी के बाद अर्पिता को बर्दवान की अदालत में पेश किया गया, जहां से उसे 13 दिनों की STF हिरासत में भेज दिया गया है।

जांच एजेंसियों के अनुसार, इस मामले में डिजिटल सबूत और इंस्टाग्राम चैट अहम कड़ी साबित हुए हैं। अधिकारियों का कहना है कि दोनों के बीच हुई बातचीत से कई महत्वपूर्ण जानकारियां मिली हैं। आरोप है कि अर्पिता ने हमीम मंडल को प्रभावशाली राजनीतिक हस्तियों तक पहुंच बनाने और उनसे जुड़ी जानकारी इकट्ठा करने में मदद की।

STF के आईजी के मुताबिक, हमीम मंडल ने ही अर्पिता को इस कथित मॉड्यूल से जोड़ा था, जिसके बाद वह सीधे विदेशी हैंडलर्स से संपर्क में आ गई। एजेंसी ने यह भी आरोप लगाया है कि अर्पिता ने पश्चिम बंगाल के एक मंत्री के बेटे को कथित तौर पर हनी-ट्रैप करने की कोशिश में भूमिका निभाई।

झारखंड की सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसरअर्पिता सरकार गिरफ्तार,आतंकी मॉड्यूल से जुड़ाव का आरोप

जांच एजेंसियां एन्क्रिप्टेड चैट को डिकोड करने और विदेशी फंडिंग की संभावनाओं की भी जांच कर रही हैं। अर्पिता ने BSK कॉलेज, बरहरवा से अंग्रेजी ऑनर्स की पढ़ाई की है, जबकि हमीम मंडल ने कॉलेज की पढ़ाई बीच में ही छोड़ दी थी।

STF के अनुसार, हमीम मंडल कथित रूप से पश्चिम बंगाल के वरिष्ठ नेता सुवेंदु अधिकारी पर नजर रख रहा था और उसे सोशल मीडिया व एन्क्रिप्टेड ऐप्स के जरिए निर्देश मिल रहे थे। फिलहाल एजेंसियां इस पूरे नेटवर्क की गहन जांच में जुटी हैं।

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